
सीएम Yogi Adityanath ने 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा के नतीजों के बाद छात्रों के नाम भावुक संदेश लिखा है। उन्होंने सफल छात्रों को बधाई दी, वहीं अपेक्षित परिणाम न पाने वाले छात्रों का हौसला भी बढ़ाया। सीएम ने कहा कि इस वर्ष का परीक्षाफल उत्साहजनक रहा है और कई बच्चों ने मेहनत से पूरे प्रदेश का नाम रोशन किया है।
टॉपर्स और सफल छात्रों को दी बधाई
मुख्यमंत्री ने अपने संदेश ‘योगी की पाती’ में लिखा कि मेहनत, लगन और अनुशासन का परिणाम छात्रों को मिला है। उन्होंने सभी सफल छात्रों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि सिर्फ छात्रों की नहीं, बल्कि उनके परिवार और शिक्षकों की भी जीत है।
फेल छात्रों से बोले- निराश मत हो
Yogi ने उन छात्रों को खास संदेश दिया जो इस बार उम्मीद के मुताबिक अंक नहीं ला सके। उन्होंने कहा, “सफलता और असफलता जीवन का हिस्सा हैं। असफलता से घबराने की जरूरत नहीं, आगे बढ़ते रहना ही जीवन का मंत्र है।”
उन्होंने संस्कृत सूत्र चरैवेति-चरैवेति का जिक्र करते हुए कहा कि चलते रहो, रुकना मत।
एक असफलता हजार सफलताओं की जननी
मुख्यमंत्री ने कहा कि एक खराब रिजल्ट जीवन का आखिरी फैसला नहीं होता। यह नए आरंभ का अवसर भी हो सकता है। उन्होंने छात्रों को समझाया कि सोना तपकर ही कुंदन बनता है। मुश्किल समय ही इंसान को मजबूत बनाता है।
एडिसन और रामानुजन का उदाहरण
सीएम योगी ने Thomas Alva Edison का उदाहरण देते हुए कहा कि बल्ब बनाने से पहले हजारों प्रयोग असफल हुए, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। साथ ही Srinivasa Ramanujan का जिक्र कर बताया कि कठिनाइयों के बावजूद महान ऊंचाइयां हासिल की जा सकती हैं।
अभिभावकों को भी दी बड़ी सलाह
मुख्यमंत्री ने माता-पिता से कहा कि अगर बच्चे अपेक्षित परिणाम नहीं ला पाए हैं तो उन पर दबाव न बनाएं। बल्कि यह समझने की कोशिश करें कि बच्चे की रुचि किस क्षेत्र में है। आज करियर के कई नए रास्ते खुले हैं, जहां बच्चे शानदार भविष्य बना सकते हैं।
मार्कशीट से बड़ा है हुनर
यह संदेश ऐसे समय आया है जब रिजल्ट के बाद कई छात्र मानसिक दबाव महसूस करते हैं। मुख्यमंत्री का यह बयान साफ संकेत देता है कि नंबर जरूरी हैं, लेकिन जिंदगी सिर्फ नंबरों से तय नहीं होती। कई बार कम अंक पाने वाले छात्र आगे चलकर बड़ी सफलता हासिल करते हैं।
Yogi Adityanath का यह संदेश सिर्फ रिजल्ट रिएक्शन नहीं, बल्कि लाखों छात्रों के लिए मोटिवेशन है। अगर इस बार रिजल्ट उम्मीद जैसा नहीं आया, तो याद रखें—ये अंत नहीं, अगली जीत की शुरुआत हो सकती है।
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